मास्क नहीं पहनने, सोशल डिस्टेंसिंग का पालन नहीं करने पर 100 रु. से 500 रु. तक का स्पॉट फाईन

      उज्जैन। कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी श्री आशीष सिंह ने राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन एक्ट-2005, द एपिडेमिक डिसिज एक्ट-1897 एवं मप्र शासन के स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी नोटिफिकेशन दिनांक 23.03.2020 से प्रदत्त अधिकारों के तहत कोरोना वायरस संक्रमण फैलने से रोकने के लिये (विगत एक जून को) आदेश जारी कर चेहरे पर मास्क लगाना, सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना, थूकने पर प्रतिबंध व हाथ साफ करने हेतु सेनीटाइजर व साबुन का उपयोग करना अनिवार्य कर दिया है। उन्होंने उक्त सभी गतिविधियों के लिये आम नागरिक को पाबन्द करते हुए अवहेलना करने पर स्पॉट फाईन करने के आदेश जारी किये हैं।


कलेक्टर द्वारा (विगत एक जून को) जारी आदेश के अनुसार मास्क का उपयोग नहीं करने पर सम्बन्धित व्यक्ति को 100 रुपये से 500 रुपये तक का फाईन तथा सोशल डिस्टेंसिंग का पालन नहीं करने पर भी 100 रुपये से 500 रुपये तक का स्पॉट फाईन किया जायेगा।


बैंकों, निजी कार्यालय, संस्थाओं में सोशल डिस्टेंसिंग का पालन


नहीं करवाने पर 10 हजार रुपये का स्पॉट फाईन


बैंकों में, निजी कार्यालयों में, दुकानों में, मॉल में सम्बन्धित संचालकों द्वारा एक मीटर की दूर बनाये रखने के लिये फर्श पर चिन्हांकन कर सोशल डिस्टेंसिंग के लिये आवश्यक व्यवस्था सुनिश्चित की जायेगी। सम्बन्धित संचालक द्वारा सोशल डिस्टेंसिंग का पालन नहीं करवाने पर 10 हजार रुपये तक का स्पॉट फाईन किया जायेगा। इसी तरह समस्त संस्थानों, औद्योगिक इकाईयों में कार्यरत व्यक्तियों के लिये संस्थान प्रभारियों को समुचित मात्रा में जगह-जगह सेनीटाइजर रखना अनिवार्य किया गया है। यही नहीं संस्थानों में टॉयलेट्स, वॉश बेसिन, जलप्रदाय की व्यवस्था करना एवं साबुन की व्यवस्था करना अनिवार्य है। इस दायित्व का उल्लंघन करने पर संस्थान प्रभारी को 10 हजार रुपये तक स्पॉट फाईन किया जायेगा।


थूकने पर प्रतिबंध


उज्जैन जिले की सीमा में कोरोना संक्रमण रोकने के लिये सार्वजनिक स्थल पर थूकना पूर्णत: प्रतिबंधित कर दिया गया है। इस प्रतिबंध का उल्लंघन करने पर सक्षम प्राधिकारी द्वारा 200 रुपये का स्पॉट फाईन कर तत्काल रसीद देकर राशि वसूली जायेगी। उक्त आदेशों का उल्लंघन भादसं की धारा-187, 188, 269, 270, 281 एवं राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन अधिनियम-2005 की सुसंगत धाराओं के अन्तर्गत दण्डनीय होगा।


उक्त अनुसार पर्यवेक्षण एवं स्पॉट फाईन कर वसूली करने हेतु नगर निगम, नगर पालिका, नगर पंचायत क्षेत्र में क्रमश: आयुक्त नगर निगम, मुख्य नगर पालिका अधिकारी, एसडीएम एवं कार्यपालिक मजिस्ट्रेट, पुलिस निरीक्षक स्तर के पुलिस अधिकारी, क्षेत्रवार गठित कोरोना स्क्वाड के प्रभारी अधिकारी को सक्षम प्राधिकारी घोषित किया गया है। इसी तरह ग्रामीण क्षेत्र में एसडीएम एवं समस्त कार्यपालिक मजिस्ट्रेट, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत, पुलिस निरीक्षक एवं थाना प्रभारी को सक्षम प्राधिकारी घोषित किया गया है।