आयुर्वेदिक औषधि पद्धति द्वारा श्वास रोग हेतु नि:शुल्क शिविर


 उज्जैन। शासकीय स्वशासी धन्वंतरि आयुर्वेद महाविद्यालय के प्रधानाचार्य द्वारा जानकारी दी गई कि आगर रोड स्थित आयुर्वेद महाविद्यालय में रविवार 5 जनवरी से मंगलवार 7 जनवरी तक प्रात: 9 बजे से 12 बजे तक श्वास (दमा) रोग हेतु औषधियुक्त धुम्रपान पद्धति एवं आयुर्वेदिक औषधियों के द्वारा उपचार के लिये नि:शुल्क शिविर आयोजित किया जायेगा। गौरतलब है कि दमा रोग में फेफड़ों में कफ के बढ़ जाने और फेफड़ों से बाहर न निकल पाने से सांस लेने में कठिनाई होती है।
 इस रोग में आधुनिक चिकित्सा में इंहेलर का प्रयोग किया जाता है। ठीक इसी प्रकार आयुर्वेद चिकित्सा पद्धति में प्राचीनकाल से विभिन्न जड़ी-बूटियोंयुक्त औषधियों का धुम्रपान करवाया जाता है। औषधियुक्त धुम्र फेफड़ों में जाकर जमे हुए कफ को निकालता है और इसके दीर्घकालिक उपयोग से फेफड़ों को कोई नुकसान नहीं होता और कार्यकारी भी होता है, जबकि इंहेलर कुछ समय बाद प्रभावी रूप से दमे के रोग में कार्य नहीं करते।
 आयुर्वेद में दिनचर्या के विभिन्न कर्मों जैसे मालिश, योग, स्नान, नाक और कान में तेल डालना तथा औषधियुक्त धुम्रपान का उपयोग प्रतिदिन किये जाने का वर्णन है, जिससे फेफड़ों में जमा हुआ कफ प्रतिदिन बाहर निकल सके, फेफड़े सक्रिय रहें और फेफड़ों में कोई संक्रमण न हो। अत: आमजन से अपील है कि दमा रोग के प्रभावी उपचार के लिये अधिक से अधिक तादाद में शामिल होकर शिविर का लाभ लें।