मन्दिरों के आसपास के अतिक्रमण हटाने के निर्देश


      उज्जैन। कलेक्टर शशांक मिश्र ने उज्जैन शहर के एसडीएम एवं नगर निगम को निर्देशित किया है कि शहर के सभी मन्दिरों के आसपास के अतिक्रमण हटाये जायें। दुकानों के बाहर निकले हुए शेड एवं सड़क पर लगाई गई कुर्सियां भी हटाई जायें। कलेक्टर ने स्पष्ट रूप से कहा है कि मन्दिरों के आसपास साफ-सफाई एवं स्वच्छता सुनिश्चित की जायेगी। कलेक्टर ने उज्जैन शहर के विभिन्न मन्दिरों की प्रबंध समिति के प्रबंधकों एवं पुजारियों के साथ आज मेला कार्यालय में बैठक लेकर दर्शन एवं अन्य व्यवस्थाओं की समीक्षा की। बैठक में अपर कलेक्टर श्री क्षितिज सिंघल, नगर निगम आयुक्त श्री ऋषि गर्ग, अपर कलेक्टर श्रीमती बिदिशा मुखर्जी, श्री जीएस डाबर, एडीएम श्री आरपी तिवारी, पूर्व विधायक श्री राजेन्द्र भारती एवं मन्दिर प्रबंध समितियों के पुजारी एवं प्रबंधक मौजूद थे।
      बैठक में बताया गया कि विभिन्न मन्दिरों में दुकानदारों द्वारा सामग्री मनमाने दामों पर बेची जाती है। दुकानदारों की ऑटो रिक्शा वालों से सांठगांठ रहती है और बाहर से आने वाले दर्शनार्थियों को ठगा जाता है। कलेक्टर ने सभी मन्दिरों में पूजन सामग्री, खाद्य सामग्री की रेटलिस्ट लगाने, दुकानों को व्यवस्थित करने तथा शिकायत होने पर एक हेल्पलाइन नम्बर तैयार कर उसको डिस्प्ले करने के निर्देश दिये हैं। कलेक्टर ने कहा है कि ये सभी व्यवस्थाएं 15 दिन में हो जाना चाहिये। कलेक्टर ने इसी के साथ शहर के धार्मिक स्थलों के लिये ऑटो रिक्शाओं के एक स्थान से दूसरे स्थान तक जाने के रेट तय करके इनकी सूची सभी मन्दिर परिसरों में डिस्प्ले करने के निर्देश क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी को दिये हैं।
      मन्दिरों के निर्माल्य के डिस्पोजल की व्यवस्था की जायेगी
कलेक्टर ने बैठक में नगर निगम आयुक्त को निर्देशित किया है कि जिस तरह की व्यवस्था महाकाल मन्दिर में हो रही है, उसी तरह विभिन्न प्रमुख मन्दिरों जिनमें मंगलनाथ, सिद्धवट, कालभैरव आदि शामिल है, पर निर्माल्य का उपयोग कर उससे खाद एवं अन्य उपयोगी सामग्री बनाने का सेटअप तैयार करने को कहा है। इससे निर्माल्य का डिस्पोजल हो जायेगा और शहर की स्वच्छता भी बढ़ेगी। कलेक्टर ने बैठक में दर्शन व्यवस्था के लिये शनि, रवि, मंगल, बुध आदि दिवसों में अलग-अलग मन्दिरों में जहां भीड़ अधिक होती है, महिला आरक्षक अथवा होमगार्ड की ड्यूटी लगाने के लिये भी निर्देशित किया है।
      बैठक में शहर में विभिन्न स्थानों पर उज्जैन के तीर्थ स्थानों की सूचना प्रदर्शित करने वाले बोर्ड लगाये जायेंगे। कलेक्टर ने रेलवे स्टेशन एवं बस स्टेण्ड पर एलईडी डिस्प्ले के माध्यम से इस तरह की सूचनाएं जारी करने को कहा है। बैठक में सुझाव दिया गया था कि बाहर से आने वाले दर्शनार्थियों को स्थानीय वाहन चालकों द्वारा सभी दर्शनीय स्थलों का भ्रमण नहीं करवाया जाता है, इसलिये प्रमुख स्थानों पर उज्जैन के सभी दर्शनीय स्थानों का बोर्ड लगाया जाये। बैठक में भिखारियों पर नियंत्रण करने की बात भी कही गई।