कोरोना से जंग जीतने के लिये हमें लोगों की हिम्मत और साथ की जरूरत : महापौर

  • पीटीएस से 16 लोग ठीक होकर अपने-अपने घरों को गये

  • महापौर व सीएमएचओ ने फूल देकर किया विदा



      उज्जैन। शुक्रवार को मक्सी रोड स्थित पुलिस ट्रेनिंग स्कूल से 16 लोग कोरोना से ठीक होकर अपने-अपने घरों को गये। इस दौरान महापौर श्रीमती मीना जोनवाल, अपर कलेक्टर श्री अत्येन्द्रसिंह और मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.अनुसुईया गवली सिन्हा ने पीटीएस से ठीक होकर घर जा रहे मरीजों से उनका हालचाल पूछा तथा फूल भेंटकर उन्हें अपने-अपने घरों के लिये विदा किया।


      महापौर ने इस दौरान लोगों से इलाज के दौरान उन्हें उपलब्ध कराई गई सुविधाओं के बारे में पूछा, जिस पर सभी लोगों ने एक स्वर में पीटीएस की सुविधाओं की तारीफ की तथा सभी ने वहां दिनरात उनकी सेवा में तत्पर रहने वाली मेडिकल टीम के प्रति तालियां बजाकर आभार व्यक्त किया।


      महापौर ने लोगों से कहा कि यहां से घर जाने के बाद यदि किसी भी तरह की समस्या हो तो लोग सीधे उनसे कभी भी फोन पर सम्पर्क कर सकते हैं। महापौर ने कहा कि नगर निगम की तरफ से नागरिकों को दी जाने वाली सुविधाओं को इस संकट की घड़ी में और बेहतर करने का प्रयास किया जा रहा है। कोरोना से जंग जीतने के लिये हमें लोगों की हिम्मत और साथ की जरूरत है।


      सीएमएचओ डॉ.सिन्हा द्वारा ठीक होकर घर जा रहे लोगों से एहतियात के तौर पर 14 दिनों के लिये अपने-अपने घरों में सेल्फ क्वारेंटाईन होने के लिये कहा गया तथा उन्हें पर्सनल हाइजीन का विशेष ध्यान रखने के लिये कहा। सीएमएचओ ने लोगों से अपील की कि कोरोना के लक्षण होने पर नि:संकोच चिकित्सकों के पास आकर जांच करायें।


      डिस्चार्ज किये गये लोगों में अनीता आर्य, स्नेहा आर्य, निकिता आर्य, श्रेया आर्य, फरीदा, बुशरा, ताहेर अली, माहिम, रेहान, फरज़ानाबी, लुबिशा, डॉ.जलील अहमद, खुशबू, सुल्तानाबी, निदा खान और ताहिरा शामिल थे।


      इस दौरान एपीओ श्री गौतम अधिकारी, स्वास्थ्य विभाग के श्री दिलीपसिंह सिरोहिया, डॉ.एएस तोमर, डॉ.एसके अखंड, डॉ.महेन्द्रसिंह यादव, डॉ.रोहन कांठेड़, नर्स इमरोज जॉर्ज, श्री अमित यादव, श्री रवि यादव, स्वास्थ्यकर्मी श्री प्रभाकर दास, मलेरिया निरीक्षक श्री सावन कंडारे, श्री अरविंद सेठिया, डॉ.रवीन्द्र भटनागर, डॉ.एसके कंठ, डॉ.डीपी जाटव एवं अन्य स्वास्थ्यकर्मी तथा सफाईकर्मी मौजूद थे। इसके बाद ठीक होकर घर जा रहे लोगों को विशेष वाहन के माध्यम से अपने-अपने घरों के लिये रवाना किया गया।